➤ ढली मंडी के सामने पहाड़ी से गिरीं बड़ी चट्टानें, तीन गाड़ियां क्षतिग्रस्त
➤ मंडी और सिरमौर में भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट, कई जिलों में यलो अलर्ट
➤ किन्नौर में आसमानी बिजली से 200 से ज्यादा भेड़-बकरियों की मौत
शिमला। हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला में गुरुवार शाम मौसम के बदलते मिजाज के बीच ढली इलाके में अचानक पहाड़ी से बड़ी-बड़ी चट्टानें हाईवे पर आ गिरीं। हादसा ढली सब्जी मंडी के ठीक सामने हुआ। पहाड़ी से पत्थर गिरने के कारण वहां खड़ी तीन गाड़ियों को नुकसान पहुंचा। अचानक चट्टानें गिरने से मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
चट्टानों के गिरने से पहाड़ी पर बने एक घर के ठीक नीचे से गुजरने वाला रास्ता भी बंद हो गया। घटना के बाद आसपास मौजूद लोगों में दहशत फैल गई। ढली सब्जी मंडी के सामने पहाड़ी से गिरे पत्थरों ने इलाके में भूस्खलन के खतरे को भी सामने ला दिया है।
मौसम साफ रहा, लेकिन अब बढ़ेगा बारिश का खतरा
शिमला के धर्मशाला और जिला के रोहड़ू को छोड़कर प्रदेश के अन्य हिस्सों में गुरुवार को दिनभर मौसम साफ बना रहा। हालांकि, मंडी और बिलासपुर में हल्की बारिश दर्ज की गई।
मौसम विभाग के अनुसार आज से स्ट्रांग वेस्टर्न डिस्टरबेंस सक्रिय हो रहा है। इसके प्रभाव से आने वाले दिनों में बारिश की गतिविधियां बढ़ने का पूर्वानुमान है। विभाग ने अगले दिनों के लिए कई जिलों में भारी बारिश को लेकर अलर्ट जारी किया है।
कल मंडी और सिरमौर जिले में कुछेक स्थानों पर भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट दिया गया है। वहीं ऊना, बिलासपुर, चंबा और कांगड़ा में यलो अलर्ट की चेतावनी जारी की गई है।
15 अगस्त को भी कई जिलों में बारिश का अलर्ट
स्वतंत्रता दिवस यानी 15 अगस्त को भी प्रदेश के कई हिस्सों में मौसम खराब रहने की संभावना है। इस दिन बिलासपुर, हमीरपुर, कांगड़ा, कुल्लू, मंडी और सिरमौर जिले में यलो अलर्ट की चेतावनी दी गई है।
इसके बाद 16 अगस्त को कांगड़ा, मंडी, सिरमौर और शिमला जिले में तेज बारिश का पूर्वानुमान जताया गया है। मौसम विभाग के अनुसार 17 अगस्त को राज्य में एक बार फिर मानसून सक्रिय होकर बरसेगा। इसके चलते 17 और 18 अगस्त को कुछेक क्षेत्रों में भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट दिया गया है।

17 और 18 अगस्त को फिर बहुत भारी बारिश का पूर्वानुमान
मौसम विभाग के अनुसार 17 अगस्त को सिरमौर, कांगड़ा और ऊना जिले में ऑरेंज अलर्ट रहेगा। वहीं चंबा, कुल्लू, मंडी, शिमला और सोलन जिले में यलो अलर्ट जारी किया गया है।
प्रदेश में 19 अगस्त तक बारिश जारी रहने का पूर्वानुमान है। लगातार बारिश के कारण पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन और अचानक बाढ़ जैसी स्थिति का खतरा बढ़ सकता है।
IMD ने ऑरेंज अलर्ट वाले जिलों में विशेष सतर्कता बरतने की सलाह दी है। लोगों को नदी-नालों के पास जाने और भूस्खलन संभावित क्षेत्रों से दूर रहने की एडवाइजरी जारी की गई है।
किन्नौर में आसमानी बिजली ने बरपाया कहर, 200 से ज्यादा भेड़-बकरियों की मौत
मौसम खराब होने के बीच किन्नौर से भी नुकसान की बड़ी खबर सामने आई है। रूपी वैली के श्री कंडे में बीती रात करीब 11 बजे आसमानी बिजली गिरने से 200 से ज्यादा भेड़-बकरियों की मौत हो गई।
इस घटना में भेड़ पालक गुमान सिंह को लाखों रुपये का नुकसान हुआ है। अचानक हुई इस घटना से पशुपालक को भारी आर्थिक नुकसान का सामना करना पड़ा है।
कई जिलों में भारी बारिश की चेतावनी, सतर्क रहने की सलाह
IMD के मुताबिक कल वेस्टर्न डिस्टरबेंस के ज्यादा सक्रिय होने से बारिश की गतिविधियां बढ़ेंगी। विभाग ने बिलासपुर, कांगड़ा और सिरमौर में बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। वहीं हमीरपुर, चंबा, मंडी, शिमला और सोलन में भारी बारिश का यलो अलर्ट रहेगा।
शिमला में ढली के पास पहाड़ी से चट्टानें गिरने की घटना के बाद आने वाले दिनों में पहाड़ी क्षेत्रों में अतिरिक्त सावधानी की जरूरत बढ़ गई है। खासकर भूस्खलन संभावित इलाकों और नदी-नालों के आसपास जाने से बचने की सलाह दी गई है।
मानसून में सामान्य से 9 फीसदी कम बारिश
हिमाचल प्रदेश में इस मानसून सीजन में अब तक सामान्य से 9 फीसदी कम बारिश दर्ज की गई है। बिलासपुर में 6 फीसदी, हमीरपुर में 47 फीसदी, कांगड़ा में 15 फीसदी, लाहौल-स्पीति में 51 फीसदी, मंडी में 23 फीसदी, सोलन में 8 फीसदी और ऊना में 2 फीसदी कम बारिश हुई है।
वहीं चंबा में सामान्य से 6 फीसदी, किन्नौर में 23 फीसदी, कुल्लू में 32 फीसदी, शिमला में 26 फीसदी और सिरमौर में 11 फीसदी अधिक बारिश दर्ज की गई है।
ऐसे में प्रदेश में एक ओर जहां मानसून की कुल बारिश सामान्य से कम है, वहीं आने वाले दिनों में कई जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी ने प्रशासन और लोगों की चिंता बढ़ा दी है।



